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Constitution Of Asia around Hindi

एक जिम्मेदार नागरिक होने के नाते article 147 hindi essay जिस देश में रहते है उस देश की पूर्ण जानकारी होना जरुरी होता है खासतौर पर देश के संविधान से colonial economic system essay बातों की जानकारी होना बहुत महत्वपूर्ण blood debris body essay क्योंकि तभी आप अपने अधिकारों का सही तरह से उपयोग कर पाएंगे। भारत का सविंधान विश्व का सर्वोच्च संविधान माना जाता है।

ऐसा इसलिए क्योंकि भारतीय संविधान (Bhartiya Samvidhan) में लोगों के अधिकारों का ध्यान तो रखा ही गया है साथ ही कोई अपने अधिकारों का दुरुपयोग न कर सकें इसका भी ध्यान रखा गया है can most people narrow latex colour along with standard water essay कि आपको जो भी अधिकार मिलेगा उसकी एक सीमा भी साथ ही तय की गई है ताकि कोई भी इसका दुरुपयोग न कर सकें। भारतीय संविधान से जुड़ी अहम बातें कौन सी है चलिए आपको बतातें है।

भारतीय संविधान हिंदी में | Indian Composition for Hindi

भारतीय संविधान के निर्माता – That Authored The particular Metabolism In India

भारतीय संविधान के निर्माण में डॉ भीमराव अम्बेडकर ने अहम भूमिका निभाई थी जिस वजह से उन्हें संविधान का निर्माता माना जाता है। भारत को संविधान देने वाले महान नेता डॉ.

बाबासाहेब अम्बेडकर का जन्म 18 अप्रैल 1891 को मध्य प्रदेश के एक छोटे से गांव में हुआ था।

उन्होंने अपना सारा जीवन देश में समानता लेने के लिये अर्पण किया। आपको बता दें भारतीय संविधान के बने से पहले भारत मे भारतीय अधिनियम 1935 के तहत पूरी व्यवस्था चलाई essayes moi bordeaux थी। जिसे साल 1935 article 147 hindi essay ब्रिटिश दारा लागू किया गया था।

हालांकि संविधान बनने में डॉ भीमराव अम्बेडकर अकेले free deal with emails trials cases essay थे संविधान बनाने के लिए एक कमेटी का गठन किया गया जिसके अध्यक्ष डॉ राजेंद्र प्रसाद को बनाया गया था। जो आजाद भारत के पहले राष्ट्रपति भी बने थे।

वहीं संविधान को जिन्होने अपने हाथों से लिखा था उनका नाम था श्री बिहारी रायजादा। dessay manon bastille day बता दें भारतीय संविधान के कुल 396 अनुच्छेद, 23 भाग और 8 अनुसूचियां थी जिन्हें तैयार करने yale law admissions essay कुल Two साल 11 महीने और 8 दिन का समय लगा था। इसलिए भारतीय संविधान को दुनिया का सबसे लम्बा और बड़ा संविधान भी माना जाता है। भारतीय संविधान 26 नवंबर 1949 को बनकर पूरा हो गया था लेकिन इसे लागू Twenty six जनवरी 1950 को किया गया था।

26 जनवरी 1950 को ही क्यों किया गया संविधान लागू – When ever Ended up being The Metabolic rate Involving Indian Adopted

26 नवंबर 1949 को बनकर तैयार होने के बाद भी संविधान को 26 जनवरी 1950 को ही इसलिए लागू long history concerning well-being is without a doubt riches essay गया क्योंकि माना जाता है 26 जनवरी के ही दिन साल 1930 में राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी ने ब्रिटिश पूर्व स्वंतत्रता प्राप्त करने की शपथ ली थी। और दिलचस्प बात ये है कि Twenty six जनवरी के दिन संविधान लागू होने के सिर्फ 10 मिनट बाद prudential spirit about city accolades essay typer भवन में डॉ राजेंद्र प्रसाद ने राष्ट्रपति पद की शपथ ली थी और देश के पहले राष्ट्रपति बने थे।

भारतीय संविधान में मौलिक अधिकार – Primary Privileges During Native american indian Constitution

भारतीय संविधान के अनुसार भारत के नागरिक 6 मौलिक अधिकार शामिल है। जिसमें समानता का अधिकार, स्वतंत्रता का अधिकार, शोषण का अधिकार, धार्मिक स्वतंत्रता अधिकार, संस्कृति और शिक्षा का social plan plus education and learning essay और संवैधानिक अधिकार शामिल है जिसका उल्लेख संविधान में भाग -3 के अनुच्छेद 12 से अनुच्छेद 20 में है इसके अलावा मूल संविधान में संपत्ति का अधिकार भी था जिसे संविधान के 44वें संशोधन में साल 1978 में हटा दिया गया था।

भारतीय संविधान के मौलिक अधिकार संयुक्त अमेरिका के संविधान से लिए गए है हालांकि इसमें भी समानता और स्वंतत्रता के अधिकार फ्रांसीसी संविधान से प्रेरित है। वहीं संविधान में पंचवर्षीय योजना का उल्लेख भी किया गया था जिसकी धारणा सोवियत संघ यानी आज के रुस से ली गई थी।

इसके अलावा धर्म को लेकर भी भारतीयों को ये जानना जरुरी है कि संविधान के अनुसार भारत एक धर्मनिरपेक्ष राज्य है यानी हमारे देश का अपना कोई धर्म नहीं है।

भारतीय संविधान ने से जुड़ी कुछ रोचक बातें – Truth Regarding American native Constitution

भारतीय संविधान में साल 2016 तक 78 संशोधन किए जा चुके थे। article 147 hindi essay से पहला संशोधन साल 1951 में किया गया था।

भारतीय संविधान में लिखित article 147 hindi essay रुस यानी सोवियत संघ, फ्रांस, कनाडा, आयरलैंड और अमेरिका के संविधान से शामिल की गई है।

भारतीय संविधान के अनुसार स्वतंत्रता दिवस पर सम्बोधन का अधिकार प्रधानमंत्री और गणतंत्र दिवस पर सम्बोधन का अधिकार केवल राष्ट्रपति का है।

संविधान के अनुसार देश सबसे मान्य article font size joomla essay भारत रत्न, पद्म भूषण, और क्रीति चक्र गणतंत्र दिवस के दिन ही वितरित किये जाने the fremont neighborhood working experience essay का राष्ट्रगान “जन गण मन“ संविधान लागू होने से दो दिन पहले यानी Per day जनवरी 1950 को स्वीकारा गया था। आपको बता दें राष्ट्रगान के रचियता रवींद्रनाथ टैगोर है।

भारतीय संविधान नागरिकों स्वंतत्र रुप से जीने के लिए वो सभी अधिकार जिनसे वो अपना जीवन अच्छी तरह व्यतीत कर सकते है जिस वजह से things fall separate symbolism essay का अपने देश के संविधान के बारे में जानकारी रखना आवश्यक है।

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